UPI यूजर्स की प्राइवेसी को बड़ा सुरक्षा कवच, ट्रांजैक्शन में दिखेंगे सिर्फ 4 अंक

नई दिल्ली। देश में डिजिटल भुगतान के सबसे बड़े माध्यम यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (UPI) को और सुरक्षित बनाने के लिए बड़ा बदलाव किया जा रहा है। नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (NPCI) ने UPI यूजर्स की प्राइवेसी और डेटा सुरक्षा को मजबूत करने के लिए नए दिशा-निर्देश जारी किए हैं। नए नियम लागू होने के बाद UPI से भुगतान करते समय सामने वाले व्यक्ति को आपका पूरा मोबाइल नंबर दिखाई नहीं देगा।
अब केवल मोबाइल नंबर के आखिरी 4 अंक दिखेंगे
नए नियमों के अनुसार UPI ट्रांजैक्शन के दौरान यूजर का पूरा मोबाइल नंबर छिपा रहेगा। इसकी जगह केवल मोबाइल नंबर के अंतिम चार अंक ही दिखाई देंगे। इसका उद्देश्य पेमेंट के बाद निजी जानकारी के अनावश्यक खुलासे को रोकना है।
UPI ID और बैंक डिटेल्स भी होंगी सुरक्षित
NPCI ने सभी UPI ऐप्स और सदस्य बैंकों को निर्देश दिए हैं कि वे ग्राहकों की संवेदनशील जानकारी को मास्क करें। इसमें मोबाइल नंबर, UPI ID और बैंक अकाउंट से जुड़ी जानकारी शामिल है। इससे साइबर फ्रॉड और व्यक्तिगत डेटा के गलत इस्तेमाल का खतरा कम होगा।
QR Code पेमेंट में भी होगा बदलाव
अब QR Code स्कैन करके भुगतान करने पर भी भुगतान करने वाले व्यक्ति की पूरी जानकारी सामने नहीं आएगी। यूजर की पहचान को सुरक्षित रखने के लिए पेमेंट इंटरफेस पर जरूरी जानकारी ही दिखाई जाएगी।
Username आधारित UPI ID को मिलेगा बढ़ावा
अभी बड़ी संख्या में लोग अपना मोबाइल नंबर ही UPI ID के रूप में इस्तेमाल करते हैं। लेकिन अब UPI ऐप्स को Username आधारित UPI ID के इस्तेमाल को बढ़ावा देना होगा। इससे यूजर मोबाइल नंबर साझा किए बिना भी आसानी से भुगतान कर सकेंगे।
बैंक और ऐप कंपनियों की बढ़ेगी जिम्मेदारी
NPCI ने साफ किया है कि सभी UPI प्लेटफॉर्म और बैंकों को ग्राहकों की निजी जानकारी की सुरक्षा सुनिश्चित करनी होगी। डेटा प्रोटेक्शन और गोपनीयता बनाए रखना उनकी जिम्मेदारी होगी।
4 सितंबर तक लागू करने होंगे नए नियम
NPCI ने सभी UPI ऐप्स और बैंकों को मोबाइल नंबर मास्किंग और डेटा सुरक्षा से जुड़े बदलाव लागू करने के लिए 4 सितंबर तक की समयसीमा दी है। माना जा रहा है कि यह कदम उन शिकायतों के बाद उठाया गया है, जिनमें यूजर्स ने पेमेंट के दौरान मोबाइल नंबर सार्वजनिक होने को लेकर चिंता जताई थी।
UPI यूजर्स को क्या मिलेगा फायदा?
- मोबाइल नंबर रहेगा सुरक्षित और निजी
- ऑनलाइन फ्रॉड का खतरा होगा कम
- QR Code पेमेंट पहले से ज्यादा सुरक्षित होगी
- Username आधारित UPI ID का बढ़ेगा इस्तेमाल
- डिजिटल पेमेंट सिस्टम में ग्राहकों की प्राइवेसी मजबूत होगी
NPCI के इस कदम से भारत का डिजिटल पेमेंट सिस्टम ज्यादा सुरक्षित और यूजर फ्रेंडली बनने की उम्मीद है।













